Ghar Ki Aurat,ein, Naukar Ki Diwani

मेरा नाम अर्पणा ह और मेरी उम्र 39 साल है और एक हाउसवाइफ हूँ हाइट मेरी 5 फुट 2 इंच है रंग गोरा और भरा हुआ बदन है और मेरे दो बच्चे हैं और मेरे पति बिज़नस करते हैं और हमारी जॉइंट फेमिली है और घर काफ़ी बड़ा है ग्राउंड फ्लोर पर मैं और मेरे पति और सास ससुर और एक देवर देवरानी रहते हैं और फर्स्ट फ्लोर पर मेरे चाचा ससुर और चाची सास और उनके बच्चे और एक सबसे छोटे देवर और देवरानी और सेकेंड फ्लोर पर मेरे छोटे चाचा ससुर और छोटी सास रहते है बिज़नस जॉइंट हैं मगर किचन अलग हैं हमारे घर मैं तीन नौकर परमानेंट हैं और पार्ट टाइम बाई आतीं है तो हर फ्लोर पर एक नौकर और बाई काम के लिये रहते हैं और छत पर सर्वेंट क्वॉर्टर और जनरेटर रूम हैं मेरे सास ससुर की उम्र और चाचा की उम्र मैं ज़्यादा फर्क होने से हमारे घर मैं मेरी सास को छोड़कर सारी लेडीस की उम्र 30 साल से लेकर 42 साल तक हैं.

एक बार तीन साल पहले गर्मियो की छुट्टियों मैं मेरे बड़े देवर देवरानी और बड़े चाचा चाची ससूर घूमने निकल गये एक हफ्ते के लिये अपने बच्चो के साथ और मेरे बच्चे नाना के यहाँ चले गये और मेरे सास ससुर भी अपने गावं तीन चार दिन के लिये चले गये और घर मैं मैं और मेरे पति मेरी छोटी देवरानी और देवर और छोटे चाचा ससुर और चाची सास रह गये गर्मी हमारे यहाँ काफ़ी पड़ती हैं और दिन मैं हम लेडीस 3 बजे से 5 बजे तक आराम या सोती हैं.

एक दिन दोपहर मैं मुझे नींद नहीं आ रही थी तो मैं बाहर आ गई और तो मैने सोचा चलो छोटी चाची सास के पास चलते हैं और मैं सेकेंड फ्लोर पर गयी तो उनका मेन डोर लॉक था मैने सोचा बेल नहीं बजाते है मेरे पास दूसरी चाबी थी तो उससे खोल कर देखूँगी अगर वो सो रहीं होगी तो वापस आ जाऊंगी वरना गप्पे मारूँगी तो मैं नीचे से चाबी ला कर गेट खोल कर अंदर गयी तो उनके रूम का दरवाजा बंद था मगर उनकी सिसकारी जैसी आवाज़ आ रही थी मैने सोचा ये कैसी आवाज़ हैं मगर मुझे तुरंत पता लग गया की कुछ तो है तो मैं रूम के कॉर्नर मैं एक खिड़की है वहाँ से देखने की कोशिश की उसके पर्दा लगा हुआ था मगर साइड से अंदर का सीन देखा जा सकता था.

मैने देखा की वो बेड पर एकदम नंगी लेटी हुई हैं मुझे उनके पेट के उपर का हिस्सा नज़र आ रहा था और अपने मुँह से हल्की हल्की सीई सीई कर रहीं थी मेने सोचा यह हस्तमैथुन कर रहीं होंगी. और मेंने ऐसे ही मज़े के लिये मैने देखना चालू रखा फिर अचानक एक आदमी का हाथ नज़र आया जो नीचे से उपर आया और उनके एक बूब्स को पकड़ कर दबाने लगा मैं सुन्न हो गयी मैने सोचा मेरे चाचा ससुर अचानक घर आ गये हैं तो मुझे निकलना चाहिये और मैं मुड़ने लगी तो देखा की वो आदमी हमारा नौकर बिल्लू है जो उपर के फ्लोर का काम करता है और काले रंग का है हाइट ज़्यादा नहीं है मगर काफ़ी हट्टा कट्टा है फिर समझ मैं आया की वो नीचे अपने मुँह से उनकी चूत चाट रहा था और उसने धीरे से उठकर उनके उपर आने की कोशिश की तो उन्होने आँख खोली और बोली अरे अभी और चाट कब डालना हैं मैं बता दूँगी और वो फिर से उस सीन में से गायब हो गया और मेरा तो बुरा हाल हो था.

मैने सोचा भी नहीं की इतने बड़े घर मैं एक औरत नौकर से चुद रहीं है और 5 मिनिट के बाद उन्होने कहा बिल्लू अब उपर आ जा उसने कहा मेरा मुँह से करो ना चाची ने कहा देख तेरा मुँह से मैं हर बार नहीं करूँगी जब मेरा मन होगा तभी करूँगी चुपचाप अंदर डाल और ज़रा ज़ोर से धक्के मारना और वो बेचारा उनके उपर आ गया क्योंकि मुझे नीचे का पार्ट दिख नहीं रहा था तो उपर से समझ आ रहा था की वो डाल चुका है और हिल रहा है फिर चाची उसके मुँह से मुँह लगा कर वो झड़ गयी और बिल्लू 5 मिनिट तक हिलता रहा फिर वो भी शांत हो गया और इससे पहले वो अलग होते मैं वहाँ से भागी वापस और सोचा इसके बारे मैं अपनी छोटी देवरानी को बता दूँ जो फर्स्ट फ्लोर पर रहती है.

मैं उसी चाबी से गेट खोल कर अंदर गयी क्योंकि वो मास्टर चाबी है सारे फ्लोर की और उसके रूम की खिड़की से देखा की वो सो तो नहीं रही उसकी खिड़की का आधा पर्दा हटा हुआ था तो मेने देखा वो भी अंदर बेड पर नंगी थी और हमारा दूसरा नौकर जिसका नाम राजू है और उम्र मैं 22 साल का है अपना लंड अन्दर डाल कर धक्के मार रहा था और वो मज़े से सिसक रही थी फिर मेरे देखते देखते वो दोनो भी झड़ गये और मैं वापस आ गयी अपने कमरे मैं मेरा तो दिमाग एकदम सुन्न हो गया की हमारे घर मैं दोपहर मैं कैसा वासना का नंगा नाच चल रहा है पति स्मार्ट है तो कैसे नौकर से चुद रहीं है कारण पता लगाना होगा तो शाम को जब सब मिले तो मैने दोनो को जाहिर नहीं होने दिया की मुझे उनका यह सीक्रेट मालूम है.

नेक्स्ट दिन मॉर्निंग मैं मैने अपनी देवरानी से किचन मैं पूछा वर्षा कल दोपहर मैं मैं तेरे रूम की तरफ आई थी तू क्या कर रही थी और वो ऐसा झटका ख़ाके पीछे हटी जैसे किसी ने करंट लगा दिया हो उसने पूछा आप कैसे आ गई मैने तो फ्लोर लॉक किया था मैने कहा मास्टर चाबी से कुछ काम था और फिर मैं चुप हो गयी फिर भी उसने सोचा शायद मैने कुछ ना देखा होगा तो वो बोली मैं सो रही थी तो मुझे पता नहीं लगा तो मैने कहा तू सो नहीं रही थी और मैने विंडो से देख लिया था क्या कर रही थी और किसके साथ वो कुछ नहीं बोली मैने पूछा मन कैसे किया अपने स्मार्ट पति को छोड़कर ऐसे नौकर से संभोग करने का तो उसने कहा भाभी जी कुछ दिन पहले आप को याद होगा मेरा कज़न मनीष आया था.

एक दिन दिन मैं मुझे लगा सर्वेंट सफाई करके नीचे चला गया है तो मनीष ने मोका देख कर मुझे पकड़ लिया और सेक्स करने लगा क्योंकि जब मैं 16 साल की ही थी तभी से हम धीरे धीरे एक दूसरे के बॉडी टच किया करते थे और फिर जब मैं 19 साल की थी तब एक दिन हमारा संभोग हो गया और शादी होने तक हम लगातार जब मौका मिलता कभी कभी संभोग कर लेते थे मगर शादी के बाद सब बंद हो गया और उस दिन इतने साल के बाद हमारी काम वासना जाग गयी और सेक्स मैं नयापन के लिये मैने उसका साथ देना शुरू कर दिया पता नहीं सर्वेंट कैसे उस दिन बाथरूम साफ करते करते वहाँ आ गया और उसने मुझे देख लिया यह सब करते जब मैं रूम से बाहर आई तो वो मुस्कुरा रहा था और अगले दिन मनीष डर से चला गया.

नेक्स्ट दिन मुझे ब्लेकमेल किया की अगर मैने उसकी बात नहीं मानी तो वो सब को बता देगा मगर मैने कहा जा बता दे मैं कह दूँगी यह झूठ बोल रहा है और उल्टा इल्ज़ाम लगा दूँगी उसने बोला की उसने मोबाइल में रिकॉर्डिंग कर ली है और मैं फँस गयी तब से यह मुझे सेक्स के लिये मजबूर कर रहा है मैने कहा तेरे को देख कर तो नहीं लग रहा था की तुझे मज़ा नहीं मजबूरी मैं करना पड़ रहा है तब वर्षा बोली अब तक इसने मुझे 25-30 बार चोद लिया है तो क्या उस वक़्त मैं अपने मज़े को रोक सकती हूँ फिर मैने पूछा अगर इस नौकर को निकाल दें तो वो बोली अगर मेरी बदनामी नहीं होती है तो प्लीज़ जल्दी करो फिर थोड़ी देर मैं अपनी चाची सास के पास गयी.

इसी तरह से उनसे पूछा तो उन्होने कहा की उनके पति भक्ति मैं एक गुरुजी के चक्कर मैं ब्रहंचार्य व्रत कर रहें है और उनको सेक्स करने को ना बोल रखा है तो 6 महीने मैं यह व्रत मैने नौकर से तुडवाया क्योंकि रोज दोपहर मैं काम के चक्कर नौकर भी अकेले रहते थे तो यह शुरुआत हुई और उन्होने कहा की अगर मैं चाहती हूँ तो सब को बता दूँ फिर वो तलाक माँग लेगी और उनके पेरेंट्स पेसे वाले हैं तो गुजारा हो जायेगा अब मैं फँस गयी घर की इज़्ज़त के चक्कर मैं क्या करूँ अब तो अगले दिन से चाची सास खुलकर मेरे सामने ही नौकर को अपने कमरे मैं बुलाने लगी.

फिर मैंने एक दिन सन्डे को जब सारे जेंट्स घर पर थे सबके सामने कहा की घर मैं हम बाई रख लेते है नौकर से घर को ख़तरा है क्योकी पिछले कुछ दिनो से हमारी अलमारी से पैसे चोरी हो रहें है कोई हंगामा किये बिना इनको निकाल कर बाई रख लेते हैं और सब मान गये मैने जैसे तैसे करके तीन बाई का इंतज़ाम करके नौकरो की छुट्टी कर दी आज तक मेरी चाची सास और छोटी देवरानी मुझसे सीधे तरह से बात नहीं करती है सोचतीं हूँ क्या किया ऐसा मैने ? …